अलीगढ़, 6 नवंबरः अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के कृषि विज्ञान संकाय के प्लांट प्रोटेक्शन विभाग के शिक्षकों डॉ सैयद कामरान अहमद और प्रोफेसर परवेज कमर रिजवी ने संयुक्त रूप से सफेद मक्खियों की स्वचालित पहचान, कैप्चरिंग और निगरानी के लिए एक उपकरण का आविष्कार किया है। इस उपकरण की सहायता से पत्तियों के नीचे से रस चूसने वाली सफेद मक्खियों के खतरे को रोकने का समाधान हो सकेगा और उनके उत्सर्जन से प्रकाश संश्लेषण प्रक्रिया में उत्पन्न होने वाली बाधा, जिससे पौधों में विकास अवरूद्ध हो जाता है, के खतरे को दूर किया जा सकेगा।शिक्षकों की उक्त टीम ने भारत सरकार के पेटेंट कार्यालय में ‘ए डिवाइस टू कैप्चर एंड काउंट द व्हाइटफ्लाई एडल्ट्स‘ का पेटेंट कराया है। यह अविष्कार 2014 से पेटेंट के लिए विचाराधीन था।आविष्कारकों ने कहा कि यह उपकरण प्रति पौधे के आधार पर व्यस्क सफेद मक्खी को गिनने और मापने में सक्षम है। जाल रूपी यह उपकरण जब पौधे के ऊपर उल्टा हो जाता है, तो आराम करने वाली सभी सफेद मक्खियों को प्रकाश की ओर उन्मुख होने के लिए मजबूर कर देता है जिससे उनके समूह गिनती के लिए दिखाई देने लगते हैं। बाद में डिवाइस की एक्सेस विंडो के माध्यम से एस्पिरेटर का उपयोग करके व्हाइटफ्लाइज़ को पकड़ लिया जाता है।








